सच्चा दोस्त कौन? – बच्चों के लिए प्रेरक कहानी (Short Moral Story in Hindi)

⭐ 🌿 सच्चा दोस्त कौन?: परिचय (Introduction)
सच्चा दोस्त कौन: बच्चों को कहानियाँ न सिर्फ़ मनोरंजन देती हैं, बल्कि जीवन की महत्वपूर्ण बातें भी सिखाती हैं।
यह छोटी, सरल और सुंदर कहानी “सच्चा दोस्त कौन?” बच्चों को सिखाती है कि घमंड कभी नहीं करना चाहिए और मुश्किल समय में साथ देने वाला ही सच्चा दोस्त होता है।
⭐ 📘 कहानी: सच्चा दोस्त कौन? (Children Story in Hindi)
एक बार की बात है, एक घने जंगल में दो प्यारे दोस्त रहते थे—चीकू खरगोश और मीठू गिलहरी।
चीकू बहुत तेज़ दौड़ सकता था, इसलिए वह अक्सर थोड़ा घमंड करता।
दूसरी ओर, मीठू छोटी थी, लेकिन समझदार और बहुत दयालु।

🌿 जंगल में बड़ी दौड़ (सच्चा दोस्त कौन?)
एक दिन जंगल के जानवरों ने एक बड़ी दौड़ का आयोजन किया।
चीकू खुशी से उछलते हुए बोला—
“मीठू! मैं तो ज़रूर जीतूँगा। तुम तो बहुत छोटी हो।”
मीठू ने मुस्कुराकर कहा—
“कोई बात नहीं चीकू, कोशिश करना भी जीत जैसा होता है।”
दौड़ शुरू हुई और चीकू बहुत आगे निकल गया।
पीछे देखकर वह हँसते हुए बोला—
“मीठू तो बहुत पीछे रह गई!”
रास्ते में चीकू को एक सेब का पेड़ मिला।
उसने सोचा—
“थोड़ा आराम कर लेता हूँ, जीत तो मेरी ही है।”
वह सेब खाने लगा।
इस बीच मीठू बिना रुके आगे बढ़ती रही।
🌿 जंगल में तूफ़ान (सच्चा दोस्त कौन?)
अचानक घने बादल छा गए।
तेज़ हवाएँ चलने लगीं।
पेड़ों की शाखाएँ टूटकर गिरने लगीं।
चीकू डर के मारे काँपने लगा और एक झाड़ी के पीछे छिप गया।
वह रोते हुए बोला—
“कोई मेरी मदद करे… मैं बहुत डर रहा हूँ!”
तभी मीठू वहाँ पहुँची।
उसने चीकू का हाथ पकड़ा और बोली—
“डरो मत चीकू, मैं हूँ न! चलो, सुरक्षित जगह में छुपते हैं।”
मीठू चीकू को पास की गुफा में ले गई जहाँ दोनों सुरक्षित थे।
🌿 चीकू को अपनी गलती समझ आई
तूफ़ान शांत होने के बाद चीकू ने शर्म से कहा—
“मीठू, मैं गलत था।
मैंने तुम्हें छोटा समझा, तुम्हारी हँसी उड़ाई…
पर आज तुमने ही मेरी मदद की।
सच्चा दोस्त तुम हो।”
मीठू मुस्कुराते हुए बोली—
“दोस्ती वही जो मुश्किल समय में साथ दे।”
दोनों ने एक-दूसरे को गले लगाया और जंगल में खुशी से लौट आए।
⭐ 🌟 कहानी से शिक्षा (Moral of the Story)
जो दोस्त मुश्किल समय में साथ दे, वही सच्चा दोस्त होता है।
हमें कभी भी किसी की क्षमता या कद का मज़ाक नहीं उड़ाना चाहिए।
दयालुता और दोस्ती हमेशा जीतती है।
